Showing posts with label परमानन्द रमन. Show all posts
Showing posts with label परमानन्द रमन. Show all posts

Thursday, 14 September 2017

बचाकर रखना पृथ्वी....परमानन्द रमन


बचाकर रखना पृथ्वी
सुरक्षित
उस दिन के लिये
जब देवता तुम्हें धकेलकर
निकाल देंगे
अदनवाटिका से
कल्पतरु से फल
चुराने के आरोप में
छीन लिये जायेंगे
तुम्हारे सकल दैविक-अधिकार
तुम निकृष्ट मानव होकर
विवशता से काटोगे
अपना शेष जीवन
तब तक के लिये
बचाकर रखना
खेत भर जमीन
छत भर आसमान
प्यास भर नदी
छांव भर वृक्ष
बारिश भर बादल
पीठ भर पहाड़
उजाले भर दिन
नींद भर रात
और घर भर पृथ्वी
और याद से
चेता देना
अपनी भावी संतानों को
कि कैसे
एक कुटिल देव ने
योजनाबद्ध तरीकें से
याचक बनकर
हथिया ली थी
तुमसे
तुम्हारी पृथ्वी

-परमानन्द रमन
केन्द्रीय विद्यालय, टाटानगर
जमशेदपुर, झारखण्ड
मो.-8404804440